Powered By Blogger

Pages

My Blog List

Saturday, December 19, 2009

दर्द खजाने हैं,इन्हें छुपा कर रखता हूं,
कभी दिल में,कभी दिल की गहराईओं में

खजानों का पता गर सब को बताता,
तो अब तक कब का लुट गया होता!

No comments:

Post a Comment